मुबारक तुम्हे ये नया साल हो

मुबारक तुम्हे ये नया साल हो,
खुशियों का ऐसा ये उपहार हो,
खुशियाँ ही बिखेरे ये हर तरफ,
गमों का न कोई यहां संसार हो ।
हैप्पी न्यू ईयर 

नव वर्ष मंगलमय हो

नये साल की खुशी बांटेंगे हम,
गमों की सब जंजीरें काटेंगे हम,
जो भी आएंगे गुलशन में हमारे,
खुशियाँ सबके ही संग बाँटेंगे हम ।
नव वर्ष मंगलमय हो। 

नए रंग हों नयी उमंगें आँखों में उल्लास नया

नए रंग हों नयी उमंगें आँखों में उल्लास नया,
नए गगन को छू लेने का मन में हो विश्वास नया,
नए वर्ष में चलो पुराने मौसम का हम बदलें रंग,
नयी बहारें लेकर आये जीवन में मधुमास नया,
नए वर्ष हार्दिक बधाई

आपके लिए यही हैं हमारी शुभकामनायें

आपकी आँखों में सजे हैं जो भी सपने,
और दिल में छुपी हैं जो भी अभिलाषाएं,
यह नया वर्ष उन्हें सच कर जाए।
आपके लिए यही हैं हमारी शुभकामनायें।

न्यू इयर 2016 को हम सब करें वेलकम।

सबके दिलों में हो सबके लिए प्यार,
आने वाला हर दिन लाए खुशियों का त्यौहार,
इस उम्मीद के साथ आओ भूलके सारे गम,
न्यू इयर 2016 को हम सब करें वेलकम।
हैप्पी न्यू इयर!

सब हसरतें पूरी हों आपकी

एक दुआ मांगते हैं हम अपने भगवान से,
चाहते हैं आपकी ख़ुशी पूरे ईमान से,
सब हसरतें पूरी हों आपकी,
और आप मुस्कुराएं दिल-ओ-जान से।
नव वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं!

नव वर्ष की शुभकामनाएं

आपकी आँखों में सजे हैं जो भी सपने,
और दिल में छुपी हैं जो भी अभिलाषाएं,
यह नया वर्ष उन्हें सच कर जाए,
आपके लिए यही है हमारी शुभकामनाएं!
नव वर्ष की शुभकामनाएं!

ख़ुदा करे कि इस नए साल

ख़ुदा करे कि इस नए साल,
जिसे आप चाहते हो वो आपके पास आ जाए,
आप सारा साल कंवारे ना रहे,
आपका रिश्ता लेकर आपकी सास आ जाए।
नव वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं!

सामना ना हो कभी तन्हाइयों से

सदा दूर रहो ग़म की परछाइयों से,
सामना ना हो कभी तन्हाइयों से,
हर अरमान हर ख़्वाब पूरा हो आपका,
यही दुआ है दिल की गहराइयों से।
नव वर्ष की शुभकामनाएं!

नव वर्ष की शुभ कामनाएं

इस रिश्ते को यूँ ही बनाये रखना,
दिल में यादों के चिराग जलाये रखना,
बहुत प्यारा सफर रहा 2015 का,
बस ऐसा ही साथ 2016 में भी बनाये रखना।
नव वर्ष की शुभ कामनाएं!

आ रहा है नया साल लेकर खुशियों के पल

भुलाकर सारे दुःख भरे पल,
दिल में बसा लो आने वाले कल को,
मुस्कुराओ खुल कर चाहे जो भी हो पल,
क्योंकि आ रहा है नया साल लेकर खुशियों के पल।
नव वर्ष की शुभ कामनायें!

नव वर्ष की बधाई

पग-पग में फूल खिले,
खुशियाँ आपको इतनी मिले,
कभी ना हो दुखों का सामना,
पूरी हो आपकी हर मनोकामना।
नव वर्ष की बधाई!

इस नए साल में जो तू चाहे वो तेरा हो

इस नए साल में जो तू चाहे वो तेरा हो,
हर दिन खूबसूरत और रातें रौशन हों,
कामयाबी चूमती रहे तेरे कदम हमेशा यार,
मुबारक हो तुझे नया साल मेरे यार!

इस साल के सारे सपने पूरे हों आपके

बीत गया जो साल भूल जायें,
इस नए साल को गले लगायें,
करते हैं हम दुआ रब से सर झुका के,
इस साल के सारे सपने पूरे हों आपके।
नव वर्ष की हार्दिक शुभ कामनायें!

आपका नया साल मंगलमय हो

जिन सपनों ने 2015 में आप को सोने नही दिया,
उन सपनों को 2016 में पूरा करने की ठान लें,
और पूरे आत्मविश्वास और लगन से मेहनत करें,
ताकि सफलता आपके कदम चूमे।
आपका नया साल मंगलमय हो

कोई फ़रिश्ते यहाँ साथ निभाने नहीं आते

होंठों पे उल्फत के फ़साने नहीं आते,
जो बीत गए फिर वो ज़माने नहीं आते,
दोस्त ही होते हैं दोस्तों के हमदर्द,
कोई फ़रिश्ते यहाँ साथ निभाने नहीं आते।

हमारे दोस्त हमसे भी अच्छे हैं

दुनियादारी में हम थोड़े कच्चे हैं,
पर दोस्ती के मामले में सच्चे हैं,
हमारी सच्चाई बस इस बात पर कायम है,
कि हमारे दोस्त हमसे भी अच्छे हैं।

ज़िंदगी भी बन जाएगी अपनी तो जन्नत

ज़िंदगी के तूफानों का साहिल है तेरी दोस्ती,
दिल के अरमानों की मंज़िल है तेरी दोस्ती,
ज़िंदगी भी बन जाएगी अपनी तो जन्नत,
अगर मौत आने तक साथ दे तेरी दोस्ती।

दोस्ती दर्द नहीं खुशियों की सौगात है

दोस्ती दर्द नहीं खुशियों की सौगात है,
किसी अपने का ज़िंदगी भर का साथ है,
ये तो दिलों का वो खूबसूरत एहसास है,
जिसके दम से रौशन ये सारी कायनात है।

तुम्हारी दोस्ती इतनी खूबसूरत है

ऐ दोस्त तुम पे लिखना कहाँ से शुरू करूँ,
अदा से करूँ या हया से करूँ,
तुम्हारी दोस्ती इतनी खूबसूरत है,
पता नहीं कि तारीफ ज़ुबाँ से करूँ या दुआ से करूँ।

दोस्ती की खातिर हमें काँटे भी क़बूल हैं

अपनी ज़िंदगी के कुछ अलग ही उसूल हैं,
दोस्ती की खातिर हमें काँटे भी क़बूल हैं,
हँस कर चल देंगे काँच के टुकड़ों पर भी,
अगर दोस्त कहे कि यह दोस्ती में बिछाये फूल हैं।

रिश्तों से बड़ी चाहत और क्या होगी

रिश्तों से बड़ी चाहत और क्या होगी,
दोस्ती से बड़ी इबादत और क्या होगी,
जिसे दोस्त मिल सके कोई आप जैसा,
उसे ज़िंदगी से कोई और शिकायत क्या होगी।

कुछ रिश्ते अनजाने में बन जाते हैं

कुछ रिश्ते अनजाने में बन जाते हैं,
पहले दिल से फिर ज़िन्दगी से जुड़ जाते हैं,
कहते हैं उस दौर को दोस्ती,
जिसमे अनजाने ना जाने कब अपने बन जाते हैं।

हम दोस्त को ज़िंदगी मानते हैं

सब लोग मंज़िल को मुश्किल मानते हैं,
हम तो मुश्किल को मंज़िल मानते हैं,
बहुत बड़ा फर्क है सब में और हम में,
सब ज़िंदगी को दोस्त और हम दोस्त को ज़िंदगी मानते हैं।

ईद का दिन आज आओ मिलकर करें एक वादा

आज खुदा की हम पर हो मेहरबानी,
करदे माफ़ हम लोगो की सारी नाफ़रमानी,
ईद का दिन आज आओ मिलकर करें  एक वादा,
खुदा की ही राहों में हम चलेंगे सदा यही है हमारा वादा।
ईद मुबारक...

अल्लाह तुम्हारी जिंदगी में इतनी खुशियाँ दे

तू मेरी दुआओं में शामिल है इस तरह,
फूलों में होती है खुशबु जिस तरह,
अल्लाह तुम्हारी जिंदगी में इतनी खुशियाँ दे,
ज़मीन पर होती है बारिश जिस तरह।
ईद मुबारक...

ईद है ख़ुदा का एक नायाब तबारक

ईद लेकर आती है ढेर सारी खुशियां,
ईद मिटा देती है इंसान में दूरियां,
ईद है ख़ुदा का एक नायाब तबारक,
और हम भी कहते हैं आपको ईद मुबारक।

ऐ चाँद उनको मेरा पैग़ाम कहना

ऐ चाँद उनको मेरा पैग़ाम कहना,
ख़ुशी का दिन हँसी की शाम कहना,
जब वो देखें तुम्हें आकर बाहर,
उनको मेरी तरफ से ईद मुबारक़ कहना।
ईद मुबारक़...

इसी उम्मीद के साथ तुम्हें मुबारक हो ईद

सदा हँसते रहो जैसे हँसते हैं फूल,
दुनिया के सारे गम तुम जाओ भूल,
चारों तरफ फ़ैलाओ खुशियों के गीत,
इसी उम्मीद के साथ तुम्हें मुबारक हो ईद।
ईद मुबारक...

चुपके से चाँद की रौशनी छू जाये आपको

चुपके से चाँद की रौशनी छू जाये आपको,
धीरे से ये हवा कुछ कह जाये आपको,
दिल से जो चाहते हो मांग लो खुदा से,
हम दुआ करते हैं वो मिल जाये आपको।
ईद मुबारक़...

आग़ाज़ ईद है, अंजाम ईद है..

आग़ाज़ ईद है, अंजाम ईद है,
सच्चाई पे चलो तो हर ग़म ईद है,
जिसने भी रखे रोज़े,
उन सब के लिए अल्लाह की तरफ से इनाम ईद है।
ईद मुबारक़...

ईद मुबारक हो...

जैसे चाँद का काम है रात में रौशनी देना,
तारों का काम है बस चमकते रहना,
दिल का काम है अपनों की याद में धड़कते रहना,
वैसे हमारा है काम अपनों की सलामती की दुआ करते रहना।
ईद मुबारक हो..

कितने ज़ख्मो को दबाये बैठा हूँ

कितने अरमानो को दफनाये बैठा हूँ,
कितने ज़ख्मो को दबाये बैठा हूँ,
मिलना मुश्किल है उनसे इस दौर में,
फिर भी दीदार की आस लगाये बैठा हूँ।

न करती वफ़ा न मिलती ये सज़ा

आज अचानक तेरी याद ने मुझे रुला दिया,
क्या करूँ तुमने जो मुझे भुला दिया,
न करती वफ़ा न मिलती ये सज़ा,
शायद मेरी वफ़ा ने ही तुझे बेवफा बना दिया।

दिल तोड़ने वालो से भी प्यार हो जाता है

कभी कोई अपना अनजान हो जाता है,
कभी अनजान से प्यार हो जाता है,
ये जरुरी नही कि जो ख़ुशी दे उसी से प्यार हो,
दिल तोड़ने वालो से भी प्यार हो जाता है।

तन्हा तो चाँद भी सितारों के बीच में है

पत्थर की दुनिया जज़्बात नही समझती,
दिल में क्या है वो बात नही समझती,
तन्हा तो चाँद भी सितारों के बीच में है,
पर चाँद का दर्द वो रात नही समझती।

अगर होता है इतना खूबसूरत ये प्यार

बात करने से पहले सोचता हूँ क्या कहना है,
बात होने के बाद फिर कुछ कहना रह जाता है,
अगर होता है इतना खूबसूरत ये प्यार,
तो फिर क्यों अक्सर ये अधूरा रह जाता है।

आँख तो प्यार में दिल की ज़ुबान होती है

आँख तो प्यार में दिल की ज़ुबान होती है,
सच्ची चाहत तो सदा बे-ज़ुबान होती है,
प्यार में दर्द भी मिले तो क्या घबराना,
सुना है दर्द से ही चाहत और जवान होती है।

हमने उन्हें दिल में बसाया है इस कदर

पहली मोहब्बत थी मेरी हम ये जान न सके,
प्यार क्या होता है वो पहचान न सके,
हमने उन्हें दिल में बसाया है इस कदर कि,
जब भी चाहा दिल से हम उसे निकाल न सके।

यूँ तो हर तमन्ना हर एहसास है वो मेरा

तू ही बता दिल कि तुम्हें समझाऊं कैसे,
जिसे चाहता है तू उसे नज़दीक लाऊँ कैसे,
यूँ तो हर तमन्ना हर एहसास है वो मेरा,
मगर उस एहसास को ये एहसास दिलाऊं कैसे।

ऐ खुदा उसको खुशियाँ तमाम देना

जीने की उसने हमे नई अदा दी है,
खुश रहने की उसने दुआ दी है,
ऐ खुदा उसको खुशियाँ तमाम देना,
जिसने अपने दिल मे हमें जगह दी है।

ये कौन सा दर्द दिया है तुमने ऐ सनम

ना तसवीर है तुम्हारी जो दीदार किया जाये,
ना तुम हो पास जो प्यार किया जाये,
ये कौन सा दर्द दिया है तुमने ऐ सनम,
ना कुछ कहा जाये, ना तुम बिन रहा जाये।

कहा ये किसी ने कि फूलों से दिल लगाऊं मैं

कहा ये किसी ने कि फूलों से दिल लगाऊं मैं,
अगर तेरा ख्याल न सोचूं तो मर जाऊं मैं,
माँग ना मुझसे तू हिसाब मेरी मोहब्बत का,
आ जाऊं इम्तिहान पे तो हद से गुज़र जाऊं मैं।

जज़्बात बहक जाते हैं जब तुमसे मिलते हैं

जज़्बात बहक जाते हैं जब तुमसे मिलते हैं,
अरमान मचल जाते हैं जब तुमसे मिलते हैं,
आँखों से आँखें, हाथों से हाथ मिल जाते हैं,
दिल से दिल, रूह से रूह मिल जाती है, जब तुमसे मिलते हैं।

ना करो तुम हमसे इतनी मोहब्बत

तेरी मोहब्बत में एक अजब सा नशा है,
तभी तो सारी दुनिया हमसे ख़फ़ा है,
ना करो तुम हमसे इतनी मोहब्बत,
कि दिल ही हमसे पूछे बता तेरी धड़कन कहाँ है।

कोई कहता है प्यार सज़ा बन जाता है

कोई कहता है प्यार नशा बन जाता है,
कोई कहता है प्यार सज़ा बन जाता है,
पर प्यार करो अगर सच्चे दिल से,
तो प्यार जीने की वजह बन जाता है।

सुहाना मौसम और हवा में नमी होगी

सुहाना मौसम और हवा में नमी होगी,
आँसुओं की बहती नदी थमी होगी,
मिलना तो हम तब भी चाहेंगे आपसे,
जब आपके पास वक़्त और हमारे पास साँसों की कमी होगी।

मोहब्बत तो दिल से होती है

होती नहीं है मोहब्बत सूरत से,
मोहब्बत तो दिल से होती है,
सूरत उनकी खुद-ब-खुद लगती है प्यारी,
कदर जिनकी दिल में होती है।

देखते ही उन को जाने कहाँ खो गए हम

इत्तेफ़ाक़ से ही सही मगर मुलाकात हो गयी,
ढूंढ रहे थे हम जिन्हें उन से बात हो गयी,
देखते ही उन को जाने कहाँ खो गए हम,
बस यूँ समझो वहीं से हमारे प्यार की शुरुआत हो गयी।

ना जाने क्या कशिश है आपकी चाहत में

नज़रें मिल जाएं तो प्यार हो जाता है,
पलकें उठ जाएं तो इज़हार हो जाता है,
ना जाने क्या कशिश है आपकी चाहत में,
कि कोई अनजान भी हमारी ज़िन्दगी का हक़दार हो जाता है।

अगर तू हसरत को पूरा करे

तेरी खुशबू को ज़रा महसूस करूँगा,
तेरी बात को ज़रा गौर से सुनुँगा,
अगर तू हसरत को पूरा करे,
तो देखना ज़िन्दगी भर तेरी पूजा करूँगा।

कभी यह दिल तोड़ कर मत जाना

बहुत वक़्त लगा हमें आप तक आने में,
बहुत फरियाद की खुदा से आपको पाने में,
कभी यह दिल तोड़ कर मत जाना,
हमने उम्र लगा दी आप जैसा सनम पाने में।

होंठों से हम कुछ कह नहीं सकते

आँखों की गहराई को समझ नहीं सकते,
होंठों से हम कुछ कह नहीं सकते,
कैसे बयाँ करें हम यह हाल-ए-दिल आपको,
कि तुम्हीं हो जिसके बगैर हम रह नहीं सकते।

कि हम खुदा से दर्द की दुआ मांगने लगे

आँखों में देख कर वो दिल की हकीकत जानने लगे,
उनसे कोई रिश्ता भी नहीं फिर भी अपना मानने लगे,
बन कर हमदर्द कुछ ऐसे उन्होंने हाथ थामा मेरा,
कि हम खुदा से दर्द की दुआ मांगने लगे।

देखो महबूब आज कितना शरमाया है

उनके लबो पर देखो फिर आज मेरा नाम आया है,
लेकर नाम मेरा देखो महबूब आज कितना शरमाया है,
पूछे मेरी ये आँखे उनसे कि कितनी मोहब्बत है मुझसे,
बोले वो पलके झुका कि मेरी हर साँस में बस तू ही समाया है।

सोचा बहुत भूल कर ना सोचूंगा तुझे

क्या अच्छा क्या बुरा क्या भला देखा,
जब भी देखा तुझे अपने रु ब रु देखा,
सोचा बहुत भूल कर ना सोचूंगा तुझे,
जिस रात आँख लगी फिर तुझे हर ख्वाब में देखा।

हिचकियॉं कहती हैं आप याद करते हो

दिल में आप हो और कोई खास कैसे होगा,
यादों में आपके सिवा कोई पास कैसे होगा,
हिचकियॉं कहती हैं आप याद करते हो,
पर बोलोगे नहीं तो मुझे एहसास कैसे होगा।

सो जाओ मीठे ख़्वाबों में आप

सितारों को भेजा है आपको सुलाने के लिए,
चाँद आया है आपको लोरी सुनाने के लिए,
सो जाओ मीठे ख़्वाबों में आप....
सुबह सूरज को भेजेंगे आपको जगाने के लिए।
शुभ रात्रि..

हर सपना कुछ पाने से पूरा नहीं होता

हर सपना कुछ पाने से पूरा नहीं होता,
कोई किसी के बिन अधूरा नहीं होता,
जो चाँद रौशन करता है रात भर सब को,
हर रात वो भी तो पूरा नहीं होता।
शुभ रात्रि...

मिलने आयेंगे हम आपसे ख्वाबों में

मिलने आयेंगे हम आपसे ख्वाबों में,
ज़रा रौशनी के दिये बुझा दीजिए,
अब और नहीं होता इंतज़ार आपसे मुलाकात का,
ज़रा अपनी आँखों के परदे तो गिरा दीजिए।
शुभ रात्रि...

जैसे चाँद का काम है रात में रौशनी देना

जैसे चाँद का काम है रात में रौशनी देना,
तारों का काम है सारी रात चमकते रहना,
दिल का काम है अपनों की याद में धड़कते रहना,
वैसे हमारा है काम अपनों की सलामती की दुआ करते रहना।
शुभ रात्रि...

हो भी जाये अगर कभी दूरी हमारे दरमियान

साथ ना छूटे आप से कभी यह दुआ करता हूँ,
हाथों में सदा आपका हाथ रहे बस यही फरियाद करता हूँ,
हो भी जाये अगर कभी दूरी हमारे दरमियान,
दिल से ना हों जुदा, रब्ब से यही इल्तिजा करता हूँ।
शुभ रात्रि...

चाँद ने अपनी चांदनी बिखेरी है

चाँद ने अपनी चांदनी बिखेरी है,
और तारों ने आसमान को सजाया है,
कहने को आपको शुभ रात्रि,
देखो रात का फरिश्ता आया है।
शुभ रात्रि...

ख़ुशी से दिल को आबाद करना

ख़ुशी से दिल को आबाद करना,
ग़म को दिल से आज़ाद करना,
बस इतनी गुज़ारिश है आपसे कि,
हो सके तो दुआ में एक याद करना।
शुभ रात्रि...

क्या मांगू मैं खुदा से तेरे वास्ते

क्या मांगू मैं खुदा से तेरे वास्ते,
सदा ख़ुशियाँ ही रहे तेरे रास्ते,
हँसी तेरे चेहरे पे रहे इस तरह,
खुश्बू फूलों का साथ निभाती है जिस तरह।
सुप्रभात....

सुबह-सुबह आपको एक पैगाम देना है

सुबह-सुबह आपको एक पैगाम देना है,
आपको सुबह का पहला सलाम देना है,
गुज़रे सारा दिन आपका ख़ुशी में,
आपकी सुबह को खूबसूरत सा नाम देना है।
सुप्रभात...

हर फूल आपको एक नया अरमान दे

हर फूल आपको एक नया अरमान दे,
सूरज की हर किरण आपको सलाम दे,
निकले कभी जो एक आँसू भी आपका,
तो खुदा आपको उससे दोगुनी मुस्कान दे।
सुप्रभात...

जितनी खूबसूरत ये सुबह है

जितनी खूबसूरत ये सुबह है,
उतना ही खूबसूरत आपका हर पल हो,
जितनी भी खुशियाँ आज आपके पास हैं,
उससे भी अधिक आने वाले कल हो।
सुप्रभात...

हँसी आपकी कोई चुरा ना पाये

हँसी आपकी कोई चुरा ना पाये,
कभी कोई आपको रुला ना पाये,
खुशियों के ऐसे दीप जले ज़िंदगी में,
कि कोई तूफ़ान भी उसे बुझा ना पाये।
सुप्रभात...

सुबह की हर धूप कुछ याद दिलाती है

सुबह की हर धूप कुछ याद दिलाती है,
हर महकती खुशबू एक जादू जगाती है,
कितनी भी व्यस्त क्यों ना हो यह ज़िन्दगी,
सुबह सुबह अपनों की याद आ ही जाती है।
सुप्रभात...

सुबह सुबह ज़िन्दगी की शुरुआत होती है

सुबह सुबह ज़िन्दगी की शुरुआत होती है,
किसी अपने से बात हो तो खास होती है,
हँस के प्यार से अपनों को सुप्रभात बोलो तो,
खुशियाँ अपने आप साथ होती हैं।
सुप्रभात...

सारा जहाँ उसी का है जो मुस्कुराना जानता है

सारा जहाँ उसी का है जो मुस्कुराना जानता है,
रौशनी भी उसी की है जो शमा जलाना जानता है,
हर जगह मंदिर मस्जिद और गुरूद्वारे हैं लेकिन,
ईश्वर तो उसी का है जो सर झुकाना जानता है।
सुप्रभात...

मुबारक हो आपको खुदा की दी यह जिंदगी

मुबारक हो आपको खुदा की दी यह जिंदगी,
खुशियों से भरी रहे आपकी यह जिंदगी,
गम का साया कभी आप पर ना आये,
दुआ है यह हमारी आप सदा यूँ ही मुस्कुराएं।
सुप्रभात....

जो उड़ते हैं अहम के आसमानों में

जो उड़ते हैं अहम के आसमानों में,
ज़मीन पर आने में वक़्त नहीं लगता,
हर तरह का वक़्त आता है ज़िंदगी में,
वक़्त के गुज़रने में वक़्त नहीं लगता।
सुप्रभात...

हर घर में ख़ुशी की फुहार हो

हर घर में ख़ुशी की फुहार हो,
हर आँगन में सुबह शाम मस्ती की बहार हो,
खुशियों की नदियाँ बहती रहें सब के दिलों में,
ऐसे ही सदा हँसता और मुस्कुराता हर परिवार हो।
सुप्रभात..

खिलखिलाती सुबह, ताज़गी से भरा सवेरा है

खिलखिलाती सुबह, ताज़गी से भरा सवेरा है,
सुबह की बहारों ने आपके लिए रंग बिखेरा है,
सुबह कह रही है जाग जाओ अब नींद से,
आपकी मुस्कुराहट के बिना तो सब अधूरा है।
सुप्रभात...

लम्हों की एक किताब है ज़िन्दगी

लम्हों की एक किताब है ज़िन्दगी,
साँसों और ख्यालों का हिसाब है ज़िन्दगी,
कुछ ज़रूरतें पूरी, कुछ ख्वाहिशें अधूरी,
बस इन्ही सवालों का जवाब है ज़िन्दगी।
सुप्रभात..

दुखों के काँटे में सारे समेट लेता हूँ

तेरे हसीन तस्सवुर का आसरा लेकर,
दुखों के काँटे में सारे समेट लेता हूँ,
तुम्हारा नाम ही काफी है राहत-ए-जान को,
जिससे ग़मों की तेज़ हवाओं को मोड़ देता हूँ।

उनकी बातों का अजी क्या कहिये

कुछ इस तरह से वो मुस्कुराते हैं,
कि परेशान लोग उन्हें देख खुश हो जाते हैं,
उनकी बातों का अजी क्या कहिये,
अल्फ़ाज़ फूल बनकर होंठों से निकल आते हैं।

एक मुक़्क़मल शायरी है तू कुदरत की

तेरी सादगी को निहारने का दिल करता है,
तमाम उम्र तेरे नाम करने को दिल करता है,
एक मुक़्क़मल शायरी है तू कुदरत की,
तुझे ग़ज़ल बना कर जुबां पर लाने को दिल करता है।

हम भटकते रहे थे अनजान राहों में

हम भटकते रहे थे अनजान राहों में,
रात दिन काट रहे थे यूँ ही बस आहों में,
अब तम्मना हुई है फिर से जीने की हमें,
कुछ तो बात है सनम तेरी इस निगाहों में।

मेरे महबूब को तुम ने भी अगर देखा है

आज इस एक नज़र पर मुझे मर जाने दो,
उस ने लोगों बड़ी मुश्किल से इधर देखा है,
क्या ग़लत है जो मैं दीवाना हुआ, सच कहना,
मेरे महबूब को तुम ने भी अगर देखा है।

तेरे नैनों ने काली घटा का काजल लगाया

फ़िज़ाओं का मौसम जाने पर, बहारों का मौसम आया,
गुलाब से गुलाब का रंग तेरे गालों पे आया,
तेरे नैनों ने काली घटा का काजल लगाया,
जवानी जो तुम पर चढ़ी तो नशा मेरी आँखों में आया।

शराब सा नशा है तेरी निगाहों में

ना जाने कौन सा जादू है तेरी बाहों में,
शराब सा नशा है तेरी निगाहों में,
तेरी तलाश में तेरे मिलने की आस लिए,
दुआऐं मॉगता फिरता हूँ मैं दरगाहों में।

सुना है वो आँखों से अपना बना लेते हैं

नशीली आँखों से वो जब हमें देखते हैं,
हम घबरा कर आँखें झुका लेते हैं,
कौन मिलाये उन आँखों से आँखें,
सुना है वो आँखों से अपना बना लेते हैं।

क्यों मिलायें उन आँखों से आँखें

सुर्ख आँखों से जब वो देखते हैं,
हम घबराकर आँखें झुका लेते हैं,
क्यों मिलायें उन आँखों से आँखें,
सुना है वो आँखों से ही अपना बना लेते हैं।

मोहब्बत मुक़द्दर है एक ख्वाब नहीं

मोहब्बत मुक़द्दर है एक ख्वाब नहीं,
ये वो रिश्ता है जिस में सब कामयाब नहीं,
जिन्हें साथ मिला उन्हें उँगलियों पर गिन लो,
जिन्हें मिली जुदाई उनका कोई हिसाब नहीं।

मेरी चाहत में कोई खोट तो नहीं

मेरी चाहत में कोई खोट तो नहीं शामिल,
फिर क्यों वो बार-बार आज़माए मुझे,
दिल उसकी याद से एक पल भी नहीं जुदा,
फिर कैसे मुमकिन है वो भूल जाए मुझे।

वो तो साँसों में बसी है मेरे

हो जुदाई का सबब कुछ भी मगर,
हम उसे अपनी खता कहते हैं,
वो तो साँसों में बसी है मेरे;
जाने क्यों लोग उसे मुझे जुदा कहते हैं।

उसने कुछ माँगा भी तो मांगी जुदाई

उसको चाहा पर इज़हार करना नहीं आया,
कट गयी उम्र पर हमें प्यार करना नहीं आया,
उसने कुछ माँगा भी तो मांगी जुदाई,
और हमें भी इंकार करना नहीं आया।

अगर जिंदगी में जुदाई न होती

अगर जिंदगी में जुदाई न होती,
तो कभी किसी की याद न आई होती,
अगर साथ गुजरा होता, हर लम्हा,
तो शायद रिश्तों में इतनी, गहराई न होती।