हिंदी शायरी : मोहब्बत तो किसी से भी हो सकती थी


1. एक चाहत थी तेरे साथ जीने की,
वरना मुहब्बत तो किसी से भी हो सकती थी।
2. सुनना चाहते है एक बार आवाज उनकी,
मगर बात करने का बहाना भी तो नहीं आता मुझे।
Dil tutne wali shayri
3. किसी ने पूछा इतना अच्छा कैसे लिख लेते हो,
मैंने कहा दिल तोड़ना पड़ता है, लफ़्ज़ों को जोड़ने से पहले।
4. झूठी मोहब्बत, वफा के वादे, साथ निभाने की कसमें,
कितना कुछ करते हैं लोग सिर्फ वक्त गुजारने के लिए।
Dil tutne wali shayri
5. अगर शौक चढ़ा है इश्क़ का तो इम्तिहान देना तुम,
बारिश में भी मेरे अश्क़ों को पहचान लेना तुम।
6. मोहब्बत की शतरंज में वो बड़ा चालाक निकला,
दिल को मोहरा बना कर हमारी जिन्दगी छीन ली।
Dil tutne wali shayri
7. बड़ी तब्दीलिया लाया हूँ अपने आप मे लेकिन,
बस तुमको याद करने की वो आदत अब भी है।
8. ज़्यादा कुछ नहीं बदला उसके और मेरे बीच,
पहले नफरत नहीं थी और अब प्यार नहीं है।
Dil tutne wali shayri
9. मेरे बिना रह ही जाएगी कोई न कोई कमी,
तुम जिंदगी को जितनी मर्जी सँवार लेना!!
10.वहम था कि सारा बाग अपना है,
तूफ़ान के बाद, पता चला,
सूखे पत्तों पर भी हक हवाओं का था!!